Scan & Get our app!
Get our app!
Download our app and stay connected on the go.
Scan & Get our app!
Scan QR-code to download our app and stay connected on the go.

प्लैटिनम की कीमत में अच्छी तेज़ी आ सकती है। वर्ल्ड प्लैटिनम इन्वेस्टमेंट काउंसिल की रिपोर्ट के अनुसार, 2023 में ऑटोमोटिव मांग बढ़ने से आपूर्ति घाटा और बढ़ गया है।
इस “सुनहरी” धातु की ऑटोमोटिव मांग 2017 के बाद से सबसे ऊँचे स्तर पर पहुँच गई है। इसके परिणामस्वरूप, 2023 में बाज़ार में प्लैटिनम की कमी 1 मिलियन औंस से अधिक हो गई है। WPIC के अनुसार, ऑटोमोटिव मांग में बढ़ोतरी इस कमी के और बढ़ने का सबसे बड़ा कारण प्रतीत होती है। इसके साथ ही औद्योगिक मांग भी बढ़ रही है और रिकॉर्ड स्तर पर पहुँच गई है, जबकि धातु की आपूर्ति लगभग स्थिर बनी हुई है।
रिपोर्ट के मुताबिक, विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस साल के अंत तक ऑटोमोटिव मांग 3,283 koz तक पहुँच जाएगी, जो पिछले 7 वर्षों का सबसे ऊँचा स्तर होगा। पैलेडियम की जगह प्लैटिनम का इस्तेमाल मांग बढ़ने के प्रमुख कारणों में से एक माना जा रहा है। कुछ विश्लेषकों का कहना है कि 2023 में यह मांग बढ़कर 615 koz तक पहुँच सकती है, और इसमें प्लैटिनम की मात्रा भी और अधिक होगी। आसान शब्दों में कहें तो, वाहन उत्पादन के साथ-साथ अन्य उद्योगों और बाज़ारों में भी प्लैटिनम की कीमत में उम्मीद से अधिक बढ़ोतरी देखी जा सकती है।



ऑटोमोटिव सेक्टर में सेमीकंडक्टर की कमी और सप्लाई चेन से जुड़ी गंभीर चुनौतियाँ हैं, जिससे दुनियाभर में मांग बढ़ी है। उदाहरण के लिए, सिर्फ़ चीन में मांग 60% बढ़ी। जापान में भी यह बढ़ोतरी दिखी, जहाँ डीज़ल/पेट्रोल वाहनों का उत्पादन 20% बढ़ा। बाज़ार में ऐसी स्थिति है कि जीवन-यापन की बढ़ती लागत और बिगड़ती व्यापक आर्थिक परिस्थितियों के बावजूद वाहनों की मांग आपूर्ति से ज़्यादा है।
प्लैटिनम दुनिया की सबसे दुर्लभ धातुओं में से एक है और इसमें अनूठे गुण हैं—भौतिक भी और उत्प्रेरक भी। इस एसेट को अलग-अलग उद्योगों और आर्थिक क्षेत्रों में काफ़ी महत्व दिया जाता है। इसकी मांग सिर्फ़ ऑटोमोटिव और औद्योगिक क्षेत्रों तक सीमित नहीं है, बल्कि आभूषणों के लिए भी इसकी मांग है। इसलिए, निकट भविष्य में इसकी कीमत बढ़ती हुई दिख सकती है।
आपकी ट्रेडिंग किस्मत आपका साथ दे!